

रिपोर्ट। धरकास मोखा। गुजरात
गुजरात को नशा मुक्त बनाने और ड्रग्स नेटवर्क की कमर तोड़ने के लिए गुजरात पुलिस ने अब तक की सबसे सख्त रणनीति अपनाई है। गृह राज्य मंत्री हर्ष संघवी के निर्देशों और पुलिस महानिदेशक (DGP) जी. एस. मलिक के आदेश पर, पुलिस ने अब नशीले पदार्थों के काले कारोबार से खड़ी की गई संपत्तियों को ज़ब्त करने का आक्रामक अभियान शुरू किया है।
इसी कड़ी में पूर्व कच्छ पुलिस की स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप (SOG) टीम ने SAFEMA/NDPSA (स्मगलर्स एंड फॉरेन एक्सचेंज मैनिपुलेटर्स एक्ट, 1976) के तहत ऐतिहासिक कार्रवाई करते हुए कुख्यात ड्रग पैडलर पिंटू यादव की अवैध संपत्ति ज़ब्त की है। SAFEMA कॉम्पिटेंट अथॉरिटी, मुंबई से आदेश प्राप्त कर यह कार्रवाई की गई है। पिछले 3 वर्षों में SAFEMA के तहत संपत्ति ज़ब्त कराने का यह गुजरात पुलिस का पहला और सबसे बड़ा सफल ऑपरेशन है।
ज़ब्त की गई संपत्ति का ब्योरा
गांधीधाम में 3 से 4 बार नशीले पदार्थों की तस्करी में पकड़ा जा चुका कुख्यात आरोपी पिंटू वेदानंद उर्फ बेदानंद यादव अपनी और पत्नी के नाम पर संपत्ति जमा कर रहा था।
मकान: ₹15 लाख मूल्य का आवास
वाहन: 3 वाहन
कुल ज़ब्त संपत्ति: ₹22,31,000
सीमावर्ती रेंज भुज-कच्छ के पुलिस महानिरीक्षक चिराग कोरडिया के मार्गदर्शन और पूर्व कच्छ गांधीधाम पुलिस अधीक्षक सागर बागमार की देखरेख में हुई इस कार्रवाई ने साफ संदेश दिया है कि ड्रग्स के कारोबार में शामिल अपराधियों को न केवल जेल जाना होगा, बल्कि उनकी पाई-पाई की काली कमाई भी सरकार ज़ब्त करेगी।




